पश्चिम मध्य रेल के रेलवे स्टेशनों और ट्रेनों में यात्रियों की सुरक्षा को लेकर एक बार फिर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं. बीते कुछ महीनों में वेंडरों द्वारा यात्रियों के साथ मारपीट और बदसलूकी के कई वीडियो सामने आए हैं, जिनमें ताजा मामला जीटी एक्सप्रेस से जुड़ा बताया जा रहा है. सोशल मीडिया पर वायरल इन वीडियो ने न सिर्फ यात्रियों में भय का माहौल पैदा किया है, बल्कि रेलवे प्रशासन की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठाए हैं
27 जनवरी को बीना और विदिशा स्टेशन के बीच ट्रेन नंबर 12615 जीटी एक्सप्रेस में हुई एक घटना का वीडियो सामने आया है. वीडियो में तीन वेंडर एक यात्री के साथ बेरहमी से मारपीट करते हुए दिखाई दे रहे हैं और उसे जबरन पेंट्री में ले जाने की बात करते सुने जा सकते हैं. इस वीडियो को अभिषेक गायकवाड़ नाम के यात्री ने सोशल मीडिया पर शेयर करते हुए लिखा कि यात्रियों की सुरक्षा खतरे में है. उन्होंने कहा कि कथित तौर पर पेंट्री सप्लायर्स द्वारा यात्री पर हमला किया गया, जो बिल्कुल भी बर्दाश्त करने योग्य नहीं है. उन्होंने भारतीय रेलवे से अपील की कि हर यात्री की सुरक्षा, सम्मान और जवाबदेही सुनिश्चित की जाए और दोषियों पर सख्त कार्रवाई हो.
लोहे की रॉड से किया हमला
यह पहला मामला नहीं है. इससे पहले भी वेंडरों की मारपीट की कम से कम तीन घटनाएं सामने आ चुकी हैं. 8 नवंबर 2025 की शाम करीब 8 बजे प्लेटफॉर्म नंबर 3 पर एक अवैध वेंडर ने यात्री के साथ मारपीट की थी. यह घटना मुंबई-बनारस महानगरी एक्सप्रेस के रवाना होने से पहले हुई थी. मामूली कहासुनी के बाद वेंडर ने यात्री पर पानी भरने वाली लोहे की रॉड से हमला कर दिया था. अन्य यात्रियों ने बीच-बचाव कर मामला शांत कराया. पुलिस के अनुसार, ट्रेन आउटर पर खड़ी थी और उसी दौरान अवैध वेंडर जनरल कोच में चढ़ने की कोशिश कर रहा था. भीड़ अधिक होने के कारण जब यात्री ने उसे चढ़ने से रोका तो वेंडर ने स्टेशन पहुंचकर हमला कर दिया.
एक वेंडर को पुलिस ने गिरफ्तार किया था
इस मामले में आरपीएफ ने तत्काल कार्रवाई करते हुए आरोपी अवैध वेंडर को गिरफ्तार किया था. पूछताछ में उसकी पहचान रीवा निवासी राजीव कुमार के रूप में हुई थी. आरपीएफ के अनुसार, आरोपी के खिलाफ पहले से ही 13 मामले दर्ज हैं. पुलिस थाने लाकर कार्रवाई के बाद उसे नोटिस देकर छोड़ा गया था और स्टेशन के आसपास न आने की हिदायत दी गई थी. बावजूद इसके अगले ही दिन वह टी-शर्ट पहनकर दोबारा स्टेशन पहुंच गया और आरपीएफ द्वारा रोके जाने पर पुलिसकर्मियों से ही बदसलूकी करने लगा. अब आरोपी के खिलाफ रेलवे एक्ट के तहत मामला दर्ज कर उसे न्यायालय में पेश किए जाने की तैयारी है.
