- 🔴 “मां–बेटे का काला खेल! बगहा से बंगाल ले जाई जा रहीं 3 मासूम बच्चियां, पुलिस ने वक्त रहते बचाया”
बगहा (पश्चिम चम्पारण) से मानवता को झकझोर देने वाला मामला सामने आया है। नौरंगिया थाना क्षेत्र में पुलिस ने एक ऐसे मानव तस्करी गिरोह का पर्दाफाश किया, जिसमें मां और बेटा मिलकर मासूम नाबालिग बच्चियों की तस्करी कर रहे थे।
सूचना मिलते ही नौरंगिया थानाध्यक्ष शुभम कुमार सिंह के नेतृत्व में एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग यूनिट (AHTU), स्थानीय पुलिस और जन शक्ति फाउंडेशन (NGO) की संयुक्त टीम ने त्वरित कार्रवाई की। छापेमारी के दौरान पश्चिम बंगाल ले जाई जा रहीं तीन नाबालिग बच्चियों (उम्र 4, 6 और 12 वर्ष) को सुरक्षित मुक्त कराया गया। एसपी रामानंद कौशल ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि आरोपियों से रेलवे टिकट और मोबाइल फोन बरामद किए गए हैं और पूरे नेटवर्क की जांच जारी है।
🔴 “चार साल की मासूम भी नहीं बख्शी गई… बगहा में मानव तस्करी का दिल दहला देने वाला खुलासा”
पश्चिम चम्पारण के बगहा पुलिस जिले में मानव तस्करी का एक ऐसा मामला सामने आया है जिसने हर किसी को सोचने पर मजबूर कर दिया है।
नौरंगिया थाना क्षेत्र से अनुसूचित जनजाति समाज की तीन नाबालिग बच्चियों को बहला-फुसलाकर बंगाल ले जाया जा रहा था। पुलिस को जैसे ही सूचना मिली, बिना देर किए संयुक्त टीम बनाई गई और बच्चियों को रंगे हाथ तस्करों के चंगुल से मुक्त कराया गया।
गिरफ्तार आरोपी नियोति देवी (43) और उसका बेटा नागेश भुइंया (19) पश्चिम वर्धमान, पश्चिम बंगाल के रहने वाले हैं। पुलिस ने दोनों को न्यायिक हिरासत में भेजने की प्रक्रिया शुरू कर दी है।
🔴 “2:30 बजे आई सूचना, 3 घंटे में ऑपरेशन सफल—बगहा पुलिस ने मानव तस्करी पर कसा शिकंजा”
गुरुवार दोपहर करीब 2:30 बजे मिली एक गुप्त सूचना ने बगहा पुलिस को अलर्ट कर दिया। सूचना थी कि नौरंगिया थाना क्षेत्र से तीन नाबालिग बच्चियों को बाहर ले जाया जा रहा है। एसपी के निर्देश पर तुरंत AHTU, थाना पुलिस और NGO की टीम गठित की गई और अभियान चलाया गया। पुलिस की सतर्कता से बड़ा मानव तस्करी मामला उजागर हुआ और तीनों बच्चियों को सुरक्षित बचा लिया गया।
एसपी रामानंद कौशल ने आम लोगों से अपील की कि इस तरह की गतिविधियों की सूचना तुरंत पुलिस को दें।

